महाराष्ट्र में कोरोना संक्रमण बेकाबू, 423 संक्रमित,अब तक 21 लोगों की मौत

रविन्द्र शिवाजी दुपारपाड़े रवि दादा मुंबई से ///

महाराष्ट्र में कोरोना संक्रमण बेकाबू होता जा रहा है। यहां शुक्रवार को संक्रमितों का आंकड़ा 423 तक पहुंच गया।महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई स्थित एशिया की सबसे बड़ी झोपड़पट्टी धारावी में कोरोना वायरस के संक्रमण से एक व्यक्ति की मौत से यहां के निवासियों के वायरस के संपर्क में आने और यहां की घनी आबादी में भी महामारी फैलने का खतरा बढ़ा दिया है . अब तक 21 लोगों की मौत भी हो चुकी है। कोरोना के लक्षण को समझने के राज्य के मेडिकल एजुकेशन और ड्रग विभाग ने बुधवार तक संक्रमित मिले 335 मरीजों का एनालिसिस किया। इसमें बीमारी के लक्षण, बॉडी पर असर और ट्रांसमिशन को समझने की कोशिश की। इसमें  कुछ अहम बातें निकल कर आई हैं।महाराष्ट्र में बढ़ते कोरोना मरीजों की संख्या के बीच एक अच्छी खबर आई है। मुंबई में एक पांच दिन के एक बच्चे ने कोरोना को हरा दिया है। चैंबूर के इस बच्चे की कोरोनारिपोर्ट दो दिन पहले पॉजिटिव आई थी। तब वह केवल तीन दिन का और देश का सबसे छोटा कोरोना पॉजिटिव बच्चा था। अब दोबारा कस्तूरबा अस्पताल में जांच करने पर बच्चे और उसकी मां की रिपोर्ट नेगेटिव आई है।

67% संक्रमितों में कोरोना बीमारी के लक्षण ही नहीं 

335 मरीजों के एनालिसिस में यह बात सामने आई कि कोरोना के संक्रमित मिले 67% लोगों में इसके लक्षण ही नजर नहीं आ रहे हैं। यानी कोरोना संक्रमण के जो लक्षण होते हैं जैसे खांसी-जुकाम या बुखार वह इनमें नहीं है। लेकिन, रिपोर्ट में वायरस की पुष्टि हो रही है। इनमें से कई ऐसे भी हैं जिनकी दो-दो बार तक रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। हालांकि, डॉक्टरों का कहना है कि कई बार कोरोना संक्रमण बाद में असर दिखाता है या फिर कई बार व्यक्ति को खुद के संक्रमित होने का पता ही नहीं चलता है। लेकिन वह दूसरो को संक्रमित करता रहता है।

41- 50 साल के बीच के लोग ज्यादा हुए संक्रमित
41 से 50 साल के बीच के लोग ज्यादा संक्रमित हुए हैं। डॉक्टर इसका कारण इस उम्र के लोगों का घर से ज्यादा बाहर निकालना मानते हैं। ऐसे में संक्रमण का एक कारण यह भी हो सकता है। वहीं, सबसे कम 81-90 साल के बीच हैं। माना जा सकता है कि इस उम्र के लोग घरों में रहते हैं। ऐसे में संक्रमण से बचे रहे। आठ ऐसे भी मरीज हैं जिनकी उम्र 1 से 10 साल के बीच है।

उम्र(साल) मरीजों की संख्या
1-10 08
11-20 26
21-30 66
31-40 69
41-50 71
51-60 41
61-70 40
71-80 11
81-90 03

संक्रमित मरीजों में 61% पुरुष

एनालिसिस में यह भी सामने आया है कि 335 में से 130 यानि 39 % महिलाएं और 205 यानि  61% प्रतिशत पुरुष हैं। करीब 3% यानि 9 मरीजों की हालत गंभीर है। वहीं 42 को नेगेटिव रिपोर्ट आने के बाद हॉस्पिटल से डिस्चार्ज किया जा चुका है।

मृतकों में सबसे ज्यादा 61-70 साल के बीच

संक्रमण के चलते जिन लोगों की मौत हुई है। उसमें आठ लोगों की उम्र 61-70 साल के बीच थी। इसके बाद 51-60 साल के बीच के चार, 71-80 साल के बीच तीन, 81-90 साल के बीच दो लोगों की जान गई है।

24% संक्रमितों की ट्रैवल हिस्ट्री, 18% इनके कांटेक्ट में आने से संक्रमित हुए

प्रदेश में 82 संक्रमित मिले लोग यानी 24% ऐसे हैं जिनकी ट्रैवल हिस्ट्री रही है। 18% यानि 60 ऐसे हैं जो इनके कांटेक्ट में आने से संक्रमित हुए हैं। इनमें बड़ी संख्या में उनके परिवार वाले शामिल हैं। वहीं 26(8%) मरीज ऐसे हैं जिनके संक्रमित होने का कारण स्पष्ट नहीं है। अब तक 167 मरीजों की जांच जारी है। कोरोना संक्रमित मरीजों में सबसे ज्यादा संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) से आए हैं। दूसरे नंबर पर ये मरीज अमेरिका से आने वाले हैं। इसके बाद ब्रिटेन, फिलीपींस, सऊदी अरब से आने वाले मरीज हैं।

97% संभावितों की रिपोर्ट नेगेटिव आई
महाराष्ट्र स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक, 3 अप्रैल तक राज्य में 10615 लोगों का कोरोना टेस्ट हुआ है। इसमें से 97 प्रतिशत की रिपोर्ट निगेटिव आई है। इनमें से 7906 केस सरकारी लैब में और 2967 केस प्राइवेट लैब में हुए। प्राइवेट लैब में हुए 99.93 प्रतिशत केस नेगेटिव आए हैं।

महाराष्ट्र में किस दिन सामने आए कितने मामले..

राज्य में सबसे ज्यादा 100 केस तीन से 4 मार्च के बीच आए हैं।

महारष्ट्र में कहां-कितने मरीज?

जिला रोगी ठीक हुए मृत्यु
मुंबई 235 14 15
पुणे (शहर+ग्रामीण) 45 9 2
पिंपरी चिंचवड 15 10
सांगली 25
नागपुर 16 4
कल्याण-डोंबिवली 10
नवी मुंबई 13 1
अहमदनगर 17 1
ठाणे 8
वसई-विरार 6 1
यवतमाल 4 3
बुलढाणा 5 1
सातारा 2
पनवेल 3
कोल्हापुर 2
उल्हासनगर 1
गोंदिया 1
औरंगाबाद 3 1
सिंधुदुर्ग 1
नासिक 1
पालघर 1 1
रत्नागिरी 1
जलगांव 1
हिंगोली 1
उस्मानाबाद 1
अन्य राज्य (गुजरात) 1
कुल  423 41 21

 

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